होली के मौसम का अपना प्रताप है तभी तो मथुरा की नायिका कहती है-फागुन में बाबा भी देवर लागे |अगर बाबा भी देवर लगने लगे,समस्या तो है |
कुछ - कुछ वैसी ही है जैसे कोई नायिका मोदी जी की बजाय राहुल गाँधी को प्रधानमंत्री मान ले |प्रतिष्ठित विद्वान और लोकप्रिय कॉमेडियन मोदी जी की बजाय राहुल गाँधी से डरना शुरू कर दें |
देश में संकट पैदा हो जायेगा यदि स्मृति ईरानी उन्हें ही अपना बॉस मानना शुरू कर दें |बाबुल सुप्रियो राहुल के समर्थन में नारे लगाने लगें तो अजीब स्थिति पैदा हो जाएगी |अमित मालवीय तक कंफ्यूज हो सकते हैं | लेकिन मथुरा की नायिका चाहे जो कहे योगी जी कहते हैं कि किसी को मनमानी नहीं करने देंगे |हाँ ,मोदी जी चाहे जो करें, उन्हें छूट है |वे मनमानी से लेकर बेईमानी तक कुछ भी करने के लिए आज़ाद हैं |यदि वे केजरीवाल होते तो मामला बदल जाता |
हालांकि बहुमत केजरीवाल को भी तगड़ा मिला है लेकिन मोदी जी तो मोदी जी हैं,मोम के पुतले में भी प्राण फूँक सकते हैं और अच्छी-खासी मजबूत सरकार को बैसाखी पर चला सकते हैं |

आज़ाद देश के किसानो को बॉर्डर पर ही नज़रबंद कर सकते हैं |तभी तो भाई लोग कहते हैं-मोदी है तो मुमकिन है |
क्या -क्या मुमकिन है,यह अनुसंधान का विषय है लेकिन कुछ चीजें तो हम देख ही रहे हैं |मोदी जी ने कोरोना वारियर्स का मनोबल बढ़ाने के लिए ताली और थाली बजाने का ऐतिहासिक प्रयोग किया |साथ ही उनके सहित सब सरकारी कर्मचारियों के महंगाई भत्ते यानि डी.ए.में वृद्धि एक साल के लिए मुल्तवी करके इम्हें उनकी औक़ात भी बता दी |
अब तो एक साल भी हो गया है लेकिन सरकार अभी आराम कर रहे हैं |हालांकि वे पूरी तरह आराम नहीं कर रहे क्यूंकि असम-बंगाल आदि में वे जमकर काम कर रहे हैं |जब केरल और तमिलनाडु का ध्यान आता है तो एक-आध टंगड़ी वहां भी अड़ा देते हैं इसलिए पूरी तरह आराम नहीं कर रहे -आखिर प्रधानमंत्री हैं |आराम कैसे करेंगे हाँ,आराम भंग जरूर कर देंगे |पेट्रोल-डीजल आदि आसमान छूने को उतारू हैं लेकिन जहाँ भी चुनाव होते हैं वे जीत जाते हैं ,भले ही वो बिहार ही क्यों न हो |(जहाँ लॉकडाउन के दौरान सबसे ज्यादा मजदूर लौटकर आये )
केजरीवाल और उनके उपमुख्यमंत्री बसों में औरतों की मुफ्त यात्रा करवाकर चैन की बंसी बजा रहे थे और मोहल्ला क्लिनिक खुलवाकर इतरा रहे थे लेकिन मोदी जी ने एल .जी साहब में जैसे गैस भर दी और वे उड़ने को तैयार हैं |सुप्रीम कोर्ट के पुराने फैसले में सुराख़ करके उन्होंने दिल्ली सरकार को ज़मीन पर उतार दिया और सिद्ध कर दिया कि छप्पन इंच का सीना कुछ भी कर सकता है |
अरे रे मैं यह क्या -क्या बकवास लिख गया |मोदी मीडिया जिसे देशद्रोही प्रकृति के लोग गोदी मीडिया कहते हैं , कुछ भी कर सकता है|मुझे राष्ट्रद्रोही तक घोषित कर सकता है |
पिछले दिनों खबर छपी कि महान भारत के महान पुलिसकर्मियों ने 1500 लीटर शराब जब्त की |लेकिन जब जाँच का समय आया तो थाने में शराब मिली ही नहीं |
इंचार्ज साहब ने जांच की तो बिलकुल नया निष्कर्ष निकला कि डेढ़ हज़ार लीटर शराब चूहे पी गए |पुलिस वाले और उनके सगे सम्बन्धी तो महात्मा गाँधी के बन्दर हैं और गाँधी जी के बन्दर शराब नहीं पिया करते,चेलों की बात और है |
मुझे भी लगता है कि शराब चूहों ने ही पी होगी |और उनमें से ही कोई एक-आध मेरे दिमाग में घुसपैठ कर गया होगा और मैं होलियाने की पिनक में बहक गया होऊंगा अन्यथा मैं वीरू को शराबी कह ही नहीं सकता |भले ही वह गाँव में स्थित पानी की टंकी पर चढ़कर वहां से कूदने की धमकी देने लगे सबके सामने |
ऊपर जो कुछ मैंने लिखा है, मैं घोषित करता हूँ कि मैंने नहीं लिखा |कृपया वो गाना याद कीजिए जिसमें दिलीप कुमार साहब फरमा रहे थे-
मुझे दुनिया वालो शराबी न समझो,
मैं पीता नहीं हूँ,पिलाई गयी है |
मुझे उन चूहों ने शराब पिला दी है, जो मृतप्राय कांग्रेस को शेर बनाने के डायलॉग बोलकर शहीद होने का अभिनय कर रहे हैं |
यारो मुझे माफ़ कर देना यह मौसम है होलियाना |,मैं थोड़ा बहक गया था ,योगी जी के लठैतों और अमित मालवीय के झूठवादियों के पराक्रम को भूल गया था |पूरे गोदी मीडिया से मैं पूरे होशो हवास में कहना चाहता हूँ कि भारतीय झूठ ओफ्फोह-भारतीय जनता पार्टी ही सत्ताधारी पार्टी है और मोदी जी ही इस देश के प्रधानमंत्री हैं | मेरी उपर्युक्त पंक्तियों को कृपया होलियाने के मौसम का दुष्प्रभाव समझा जाए - जय श्री मोहन भागवत -ज़िंदाबाद ज़िंदाबाद
